चंडीगढ़। परगट सिंह रविवार को चंडीगढ़ के सेक्टर-15 स्थित पंजाब कांग्रेस भवन में पंजाब कांग्रेस के प्रदेश प्रधान का औपचारिक पदभार संभालेंगे। समारोह में पंजाब प्रभारी सचिन पायलट शामिल होंगे। शनिवार को कांग्रेस भवन पहुंचे परगट सिंह ने कहा कि पार्टी में उनके समेत कई नेता मुख्यमंत्री बनने की क्षमता रखते हैं, लेकिन 2027 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस का चेहरा राहुल गांधी होंगे।
समारोह और एकजुटता का संदेश
कांग्रेस हाईकमान ने 2 अक्तूबर को परगट सिंह को अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग की जगह पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी का नया प्रधान नियुक्त किया था। इसके बाद वे पायलट के साथ 8 अक्तूबर से अमृतसर समेत कई शहरों के दौरे पर थे, जिनमें श्री हरमंदिर साहिब में माथा टेकना भी शामिल था। रविवार का समारोह इस दौरे का समापन माना जा रहा है। 2027 के चुनाव से पहले कांग्रेस इसे संगठन में एकजुटता का संदेश देने के मौके के तौर पर देख रही है।
कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल के भी समारोह में आने की पहले चर्चा थी। लेकिन ताजा जानकारी के अनुसार व्यस्तताओं के कारण उनका कार्यक्रम रद्द हो गया है।
सीएम चेहरे पर क्या कहा
परगट सिंह ने शनिवार को कहा कि एकजुटता ही कांग्रेस की ताकत है। उन्होंने कहा कि पार्टी में कई नेता मुख्यमंत्री बनने की क्षमता रखते हैं, जिनमें वे भी शामिल हैं। लेकिन आगामी विधानसभा चुनाव में पार्टी का चेहरा राहुल गांधी होंगे। उन्होंने संकेत दिया कि व्यक्तिगत महत्वाकांक्षाओं से ऊपर उठकर पार्टी को सामूहिक नेतृत्व के साथ आगे बढ़ना होगा। राज्य में नेतृत्व और मुख्यमंत्री पद की दावेदारी को लेकर चर्चाओं के बीच उनके इस बयान को अहम माना जा रहा है।
भाजपा और AAP पर आरोप
परगट सिंह ने भाजपा और आम आदमी पार्टी पर “नूराकुश्ती” का आरोप लगाया। उनके अनुसार दोनों दल पंजाब के असली मुद्दों से ध्यान भटका रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ईडी और सीबीआई का दुरुपयोग कर रही है, जबकि पंजाब की AAP सरकार पंजाब पुलिस और विजिलेंस ब्यूरो का इस्तेमाल अपने राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ कर रही है। ये आरोप परगट सिंह के हैं और इन पर भाजपा या AAP की प्रतिक्रिया इस खबर के लिखे जाने तक सामने नहीं आई थी।
आगे की चुनौती
पंजाब में अगले साल की शुरुआत में विधानसभा चुनाव होने हैं। पार्टी के भीतर अलग-अलग गुटों और वरिष्ठ नेताओं के बीच तालमेल बैठाना परगट सिंह के लिए बड़ी चुनौती माना जा रहा है। पदभार संभालने के बाद पार्टी की चुनावी गतिविधियों के और तेज होने की उम्मीद है।

