आगरा में बुधवार को हुई जनपदस्तरीय विज्ञान मॉडल प्रदर्शनी में एमडी जैन इंटर कॉलेज के कक्षा 12 के छात्र आकाश चौरसिया ने पहला स्थान हासिल किया। उन्होंने खेतों में काम करने वाले किसानों को आकाशीय बिजली से बचाने के लिए “वज्र-एक्स 3000” नाम का टोपी जैसा मॉडल प्रस्तुत किया। हरीपर्वत स्थित एमडी जैन इंटर कॉलेज में जिला विज्ञान क्लब की इस प्रदर्शनी में 67 विद्यालयों के 214 विद्यार्थियों ने अपने मॉडल दिखाए।
कैसा है वज्र-एक्स 3000
आकाश के अनुसार, खेतों में काम करने वाले किसानों के लिए आकाशीय बिजली गंभीर खतरा है, और इसी समस्या को देखकर उन्होंने यह मॉडल बनाया। इसमें तीन परतों वाला इंसुलेटर है। पहली परत लेदर की, दूसरी फोम की और तीसरी एडवांस्ड लेदर की है। इसके साथ एल्युमिनियम फॉयल का भी इस्तेमाल हुआ है। आकाश का उद्देश्य इन परतों के जरिए बिजली गिरने के असर को कम करने वाली तकनीक विकसित करना है। यह फिलहाल एक मॉडल है और रिपोर्ट में इसके परीक्षण या प्रभावी होने की कोई जानकारी नहीं दी गई है।
आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और मौसम विभाग की सलाह है कि बिजली कड़कते समय खुले खेत, पेड़ के नीचे और ऊंची जगहों से दूर रहें और किसी पक्के भवन में शरण लें।
अंतरिक्ष कचरे के लिए चुंबक वाला सैटेलाइट
गोपीचंद शिवहरे सनातन धर्म कॉलेज की कक्षा 11 की छात्रा दिव्यांशी ने “स्पेस स्टैबलिस क्लीनर सैटेलाइट” का मॉडल बनाया। उन्होंने बताया कि अंतरिक्ष में प्रयोगों और उपग्रहों के संचालन से अंतरिक्ष का कचरा (स्पेस डेब्रिस) बढ़ रहा है, जो उपग्रहों के संचालन में बाधा बन सकता है। उनके मॉडल में चुंबकीय आकर्षण से धातु के टुकड़े और इलेक्ट्रॉनिक कचरा इकट्ठा करने की परिकल्पना की गई है।
अन्य मॉडल और शुभारंभ
प्रदर्शनी में स्मार्ट सिटी, चंद्रयान-3, ऑटोमेटिक ब्रिज, ब्लाइंड स्टिक, रोड सेफ्टी और कचरा प्रबंधन के मॉडल भी आकर्षण का केंद्र रहे। प्रदर्शनी का शुभारंभ जिलाधिकारी मनीष बंसल ने किया।
परिणाम
जिला विज्ञान क्लब के समन्वयक डॉ. निखिल जैन के अनुसार, पहला स्थान आकाश चौरसिया को मिला। दूसरे स्थान पर सेंट जोसेफ गर्ल्स इंटर कॉलेज की बुलबुल और अनुष्का रहीं, जबकि तीसरा स्थान गणेशराम नागर सरस्वती बालिका विद्या मंदिर की साक्षी शर्मा को मिला। राजकीय बालिका इंटर कॉलेज शाहगंज की कनिष्का और डीएवी इंटर कॉलेज की रानी व तनिष्का को संयुक्त रूप से सांत्वना पुरस्कार मिला।
विजेताओं को क्रमशः पांच हजार, तीन हजार और दो हजार रुपये दिए जाएंगे, और दो सांत्वना पुरस्कार एक-एक हजार रुपये के होंगे। इन पांच मॉडलों के अलावा 10 और मॉडल मिलाकर कुल 15 मॉडल मंडल स्तरीय प्रतियोगिता के लिए चुने गए हैं। निर्णायक मंडल में डॉ. रामनाथ गौतम, डॉ. प्रभात किरण वार्ष्णेय, डॉ. रामवीर सिंह चौहान, डॉ. सुनील कुमार पाठक और डॉ. राखी गुप्ता शामिल थे। संचालन डॉ. रीनेश मित्तल ने किया और प्रधानाचार्य डॉ. संजय गर्ग सहित अन्य शिक्षक मौजूद रहे।

