पुर्तगाल के दिग्गज फुटबॉलर क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास का ऐलान कर दिया। 41 साल के रोनाल्डो ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट किए एक लंबे वीडियो में बताया कि वे अब पुर्तगाल की राष्ट्रीय टीम की नंबर सात की जर्सी वापस सौंप रहे हैं। इस फैसले से राष्ट्रीय टीम के साथ उनका 23 साल का सफर खत्म हो गया। वे अब सिर्फ क्लब फुटबॉल खेलेंगे और सऊदी अरब के क्लब अल नस्र से जुड़े रहेंगे।
क्या कहा रोनाल्डो ने
वीडियो में रोनाल्डो ने कहा कि राष्ट्रीय टीम की सात नंबर की जर्सी लौटाने का दिन आ गया है। उन्होंने इसे पूरे पुर्तगाल की जर्सी बताया, जिसे उन्होंने 23 साल तक पहना। उनके अनुसार यह फैसला आसान नहीं था, क्योंकि कुछ फैसले सिर्फ दिमाग से नहीं, दिल से भी लिए जाते हैं। उन्होंने अपने साथी खिलाड़ियों और कोचों का शुक्रिया भी अदा किया।
संन्यास की पृष्ठभूमि
रिपोर्टों के अनुसार, रोनाल्डो का फैसला पुर्तगाल के कोच जॉर्ज जीसस से हुए विवाद के बाद आया है। रोनाल्डो ने खेलने के समय को लेकर कोच से नाराजगी जताई थी और पिछली अंतरराष्ट्रीय विंडो के दौरान टीम का शिविर छोड़ दिया था। इसके बाद पुर्तगाल फुटबॉल महासंघ ने उन्हें 30 दिन के लिए निलंबित किया और जुर्माना लगाया। रोनाल्डो ने साथी खिलाड़ियों से माफी मांगी और टीम में खेलते रहने की इच्छा जताई थी, लेकिन कोच से माफी नहीं मांगी। उन्होंने कोच पर वादा तोड़ने का आरोप भी लगाया था। कोच जीसस ने कहा था कि रोनाल्डो का टीम में स्वागत है और वापसी का फैसला उन्हीं पर है। पुर्तगाल फुटबॉल महासंघ ने रोनाल्डो के योगदान के लिए “गहरा आभार और अपार प्रशंसा” जताई है।
रोनाल्डो का आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच 24 सितंबर को वेल्स के खिलाफ नेशंस लीग का मुकाबला था, जिसमें पुर्तगाल 1-0 से जीता था। 4 अक्टूबर को नॉर्वे के खिलाफ मैच में वे पहली बार 18 साल में पुर्तगाल के लिए अनयूज्ड सब्स्टीट्यूट रहे। उनके संन्यास की घोषणा ऐसे समय आई है, जब पुर्तगाल कोच कल डेनमार्क और वेल्स के खिलाफ नेशंस लीग मुकाबलों के लिए टीम घोषित करने वाले हैं।
रिकॉर्ड और उपलब्धियां
रोनाल्डो ने 20 अगस्त 2003 को कजाकिस्तान के खिलाफ 18 साल की उम्र में पुर्तगाल के लिए पदार्पण किया था। उन्होंने पुर्तगाल के लिए 234 मैच खेले और 146 गोल किए, जो पुरुष फुटबॉल में अंतरराष्ट्रीय मैचों और गोलों के विश्व रिकॉर्ड हैं।
वे छह विश्व कप (2006 से 2026) खेलने वाले खिलाड़ी हैं और बताया जाता है कि वे छह अलग-अलग विश्व कप में गोल करने वाले पहले खिलाड़ी हैं। उनकी कप्तानी में पुर्तगाल ने यूरो 2016 और 2019 व 2025 के नेशंस लीग खिताब जीते। पांच बार के बैलन डी’ओर विजेता रोनाल्डो विश्व कप नहीं जीत सके। उनके दौर में पुर्तगाल का इस टूर्नामेंट में सबसे अच्छा प्रदर्शन 2006 में सेमीफाइनल तक पहुंचकर चौथे स्थान पर रहना रहा।
आगे क्या
रोनाल्डो अब सिर्फ क्लब फुटबॉल खेलेंगे और उन्होंने क्लब करियर में 1000 गोल का लक्ष्य रखा है। पुर्तगाल टीम इस महीने नेशंस लीग में डेनमार्क और वेल्स से खेलेगी।

